पंचगव्य चिकित्सा महासम्मेलन
25-27 नवंबर 2013 काल भैरव अष्टमी को सम्पन्न हुआ।
पंचगव्य चिकित्सा के लिए अलग से कौंसिल बनाने की मांग
अगला – 14-16 नवंबर 2014 काल भैरव अष्टमी को होगा।
अ॰ ब॰ राजीव भाई के जन्म व प॰पू॰ तुकाराम दादा की 100 वीं जन्म जयंती पर।

स्थल: सांगली, महाराष्ट्र, संपर्क: gomaata@gmail.com॰ सेल 09444 03 47 23

पंचगव्य गुरुकुलम (भारत सरकार, संसदीय बोर्ड,  चिकित्सा शिक्षा पाठ्यक्रम)
पंचगव्य-अब एक स्वतंत्र ओर सम्पूर्ण चिकित्सा थेरेपी। अ.ब.राजीव दीक्षित के सपनों का
एकमात्र गुरुकुल, जहां पंचगव्य मेडिकल साइंस की शिक्षा सर्व प्रथम प्रारंभ की गई। शीघ्र गुरुकुल का विस्तार कई स्थानों पर।
गुरुकुल अब एक विश्वविद्यालय का रूप लेने जा रहा है।
संपर्क: gomaata@gmail.com
फोन 044 – 27 29 0442, मोबाइल 09444 96 17 23 (10.00 am to 05.00 pm)

पंचगव्य चिकित्सालय (सभी असाध्य रोग साध्य होते हैं पंचगव्य से )
गव्य नेचर क्योर रेसर्च सेक्शन, पंचगव्य विभाग
यहाँ मनुष्य शरीर के सभी असाध्य कहे जाने वाले रोगों की चिकित्सा पंचगव्य अमृतम (दूध, गोबर, गोमूत्र, छाछ व घी) से, अभी तक तीस हज़ार लोगों की चिकित्सा हो चुकी है।
यहाँ पर अमर बलिदानी राजीव भाई ने पांच हजार लोगों की चिकित्सा की साथ ही यहीं पर ऐतिहासिक स्वस्थ्य कथा भी की। जिसे आज सारा भारत सुन रहा है और अनुसरण कर निरोगी हो रहा है। गोमूत्र वाष्पस्नान का पहला प्रयोग यही किया गया था। जिसका चर्मरोग, घूटने-कमर के रोग, मधुमेह, कैंसर, गले के रोग आदि में अद्भुत परिणाम मिल रहा है।
स्थान - सी यू शाह भवन, सी यू शाह क्लीनिक अँड डायग्नोसिस सेंटर, 78/79, रिथेर्डेन रोड, चेन्नै – 600 007
संपर्क: gomaata@gmail.com मोबाइल 09444 38 90 39 (10am to 5pm)
फोन 044 – 26 41 47 23 (8am to 9am) 09445 433 723 (10am to 1pm)

 

महा ऋषि वागभट्ट गोशाला
अमर बलिदानी राजीव दीक्षित के कर कमलों से स्थापित एक स्वावलम्बी गोशाला।
जहां गौमता को जैविक चारा ओर चरने के लिए उन्मुक्त वातावरण है।
ग्राम कट्टावक्कम, पोस्ट तेनेरी, जिला कांचीपुरम, तमिलनाडु, पिन 631 604
संपर्क: gomaata@gmail.com
फोन 044 – 27 29 04 42, मोबाइल 09444 03 47 23 (10.00 am to 05.00 pm)

पंचगव्य अनुसंधान केंद्र
पंचगव्य अर्थात देशी गौमता का दूध, छाछ, घ्रीत, मूत्र व गोबर।
इसमें पांच महाभूतों (वायु, जल, अग्नि, आकाश व मिट्टी)
के विकारों को ठीक करने की अद्भुत शक्ति है।
यह मनुष्य, अन्य जीव – जन्तु व मिट्टी के लिए अमृत है।
ग्राम कट्टावक्कम, पोस्ट तेनेरी, जिला कांचीपुरम, तमिलनाडु, पिन 631 604
संपर्क: gaumata@panchgavya.org फोन 044 – 27 29 04 42 (10am to 05pm)